Gonda News:कार्यवाही से सहमें एसीएमओ समेत 18 चिकित्सकों ने दिया इस्तीफा,डीएम पर लगाया अभद्र भाषा इस्तेमाल का आरोप

डीएम पर लगाया अभद्र भाषा इस्तेमाल करने का आरोप

स्वास्थ्य महकमे में हुए घोटाले पर डीएम ने सौंपी थी जांच
सुधांशु मिश्रा

गोण्डा।जनपद के अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी सहित 18 चिकित्सकों के एक साथ इस्तीफे से स्वास्थ्य महकमे में हड़कम्प मच गया है।
अमर्यादित भाषा के प्रयोग का आरोप डीएम पर लगाते हुए एसीएमओ अजय प्रताप सिंह ने गुरुवार को सीएमओ,डीएम, स्वास्थ्य मंत्री,अध्यक्ष प्रांतीय चिकित्सा संघ सहित अन्य उच्च अधिकारियों को संबोधित त्यागपत्र दिया था।
जिसके बाद स्वास्थ्य महकमे में तैनात 18 चिकित्सको ने भी इस्तीफा दे दिया है जिसमे लगभग सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक भी शामिल है।
एसीएमओ सहित इस्तीफा देने वाले सभी चिकित्सको का आरोप है कि समीक्षा बैठकों व क्षेत्र भ्रमण के दौरान जिलाधिकारी द्वारा अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया जाता है।
एसीएमओ व इस्तीफा देने वाले अन्य चिकित्सा अधिकारियों,चिकित्सकों ने कहा डीएम द्वारा उन्हें निठल्ला,निकम्मा,जमूरा जैसे अपमानजनक शब्दो से नवाजा जाता है।लेवल -4 स्तर के स्वास्थ्य अधिकारियों पर्यवेक्षण अधिकारी व सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पर अधीक्षक बनाने की बात कही जाती है।कोविड टीकाकरण में लगाये गए शिक्षा अनुदेशकों द्वारा हीलाहवाली करने पर शिकायत न सुनकर उल्टे बताया जाता है ये स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी है।

निगरानी सामितियो को उपलब्ध कराई गई मेडिकल किट का हिसाब मांगने पर डांटकर चुप कराया जाता है व कहा जाता है कि हिसाब मांगने वाले आप कौन हैं।


सामूहिक इस्तीफा कहीं घोटाले पर डीएम के एक्शन का नतीजा तो नही

स्वास्थय विभाग में विगत वर्ष 2019-20 में भुगतान को लेकर की गई अनियिमता पर जिलाधिकारी ने एसपी को निर्देश देते हुए दोषियों के खिलाफ गैंगेस्टर व संपत्ति कुर्क के आदेश दिए थे।
विभाग में बिना किसी ई-टेंडर अथवा निविदा के कोटेशन आमंत्रित किये बिना ही छोटे छोटे टुकड़ों में खरीददारी करके 9 करोड़ 13 लाख एक हजार 663 रुपये का भुगतान कर दिया गया था।वहीं जननी सुरक्षा योजना के लाभार्थियों को बिना आरकेएस समिति के अनुमोदन के जिला चिकित्सालयों व सभी सीएचसी पीएचसी पर एक ही वित्तीय वर्ष में कई बार मे 9 लाख 32 हजार 200 रुपये भुगतान कर दिया गया था।
जिसमे आयुक्त के निर्देश पर 26 जून को जिलाधिकारी ने पुलिस अधीक्षक को कार्यवाही के निर्देश देते हुए घोटाले में संलिप्त अधिकारियों कर्मचारियों व ठेकेदारों पर गैंगेस्टर व संपत्ति कुर्क करने के आदेश दिए थे।

चिकित्सा संघ के प्रांतीय अध्यक्ष ने प्रकट की नाराजगी

वहीं जनपद में अचानक एक साथ काफी संख्या में चिकित्सकों के इस्तीफे पर संघ के प्रांतीय अध्यक्ष टी पी जायसवाल ने डीएम की कार्यशैली व्यवहार पर नाराजगी व्यक्त की है।
उंन्होने कहा कि सूचना मिली है कि डीएम द्वारा स्वास्थ्य महकमे के उच्च अधिकारियों से बुरा बर्ताव किया जा रहा है व अभद्र भाषा का प्रयोग किया जा रहा है जिसका चिकित्सा संघ विरोध करता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *