Lakhimpur Kheri News:चुनाव ड्यूटी के पूर्व शिक्षकों का टीकाकरण न कराना सरकार की बड़ी गलती

एन.के.मिश्रा

लखीमपुर खीरी । इस कोरोना कॉल में सभी विभागों के राजस्व विभाग, नगर पालिका विभाग, स्वास्थ्य विभाग, पुलिस विभाग,विकास भवन व अन्य सभी विभागों के सभी कर्मचारियों का प्राथमिकता पर टीकाकरण करा कर ही उनकी पंचायत चुनाव में ड्यूटी लगाई गई।

संजीव त्रिपाठी

शिक्षक बंधु भी उन्हीं सभी कर्मचारियों की तरह अग्रिम मोर्चे पर पंचायत चुनाव में सहयोग करते हैं। ड्यूटी करते हैं । उनका सरकार द्वारा प्राथमिकता पर टीकाकरण नहीं कराया गया । फलस्वरूप सबसे ज्यादा मौतें शिक्षकों की हुई ।लखीमपुर खीरी में पंचायत चुनाव के कारण कोरोना से संक्रमित हुए 55 शिक्षकों की मृत्यु हो गई । राजस्व विभाग पंचायत चुनाव में सबसे ज्यादा कार्य करता है। टीकाकरण हो जाने के कारण लेखपाल, पुलिस जन आदि पाज़िटिव तो हुए पर सभी सुरक्षित रहे। शिक्षकों का टीकाकरण न होने की वजह से केवल लखीमपुर खीरी जिले के 55 शिक्षक काल के गाल में समा गए । क्या इन शिक्षकों का पंचायत चुनाव से पहले टीकाकरण नहीं होना चाहिए था ?

मनोज शुक्ला
प्राथमिकता के आधार पर टीकाकरण अगर हो गया होता तो इतनी मौतें न होती। इन शिक्षक बंधुओं की मौतों का जिम्मेदार कौन है ? उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ लखीमपुर खीरी के जिलाध्यक्ष संजीव त्रिपाठी, जिला मंत्री मनोज शुक्ल, जिला उपाध्यक्ष श्रुति दीक्षित ने मांग की है कि यूपी सरकार पूरे प्रकरण की जांच करे।
श्रुति दीक्षित

फ्रंट लाइन वर्कर्स व चुनाव ड्यूटी में लगे शिक्षकों को पुलिस , स्वास्थ्य व अन्य विभागों की तरह टीकाकरण क्यों नही कराया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *